@शब्द दूत ब्यूरो (04 जुलाई 2025)
उत्तराखंड में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने चार साल का कार्यकाल पूरा कर लिया है। इन चार वर्षों में सरकार ने जहां विकास की नई इबारत लिखी, वहीं व्यवस्थाओं में पारदर्शिता और सुशासन को लेकर कई ऐतिहासिक निर्णय लिए। प्रस्तुत है धामी सरकार की चार साल की प्रमुख उपलब्धियों का एक विस्तृत विवरण—
1. समान नागरिक संहिता (UCC) का ऐतिहासिक कदम
उत्तराखंड देश का पहला राज्य बना, जहां समान नागरिक संहिता लागू की गई। यह कदम सामाजिक समानता की दिशा में ऐतिहासिक माना जा रहा है।
2. धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा
चारधाम यात्रा को सुगम बनाने के लिए सड़कों का चौड़ीकरण, रोपवे और हेलिपैड जैसी सुविधाएं विकसित की गईं।
3. भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति
सरकार ने नकल विरोधी कानून पारित किया और लोक सेवा आयोग से जुड़े घोटालों पर त्वरित कार्रवाई की।
4. रोजगार व स्वरोजगार के अवसर
32,000 से अधिक पदों पर नियुक्तियाँ हुईं। मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना से हजारों युवाओं ने लाभ लिया।
5. महिलाओं को सामाजिक सुरक्षा और सम्मान
30% क्षैतिज आरक्षण, महिला पुलिस स्टेशन और महालक्ष्मी किट योजना जैसे कदमों से महिलाओं को नई पहचान मिली।
6. शिक्षा व स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार
Atal Utkrisht Vidyalaya योजना, स्मार्ट क्लास और टेलीमेडिसिन सेवाओं से मूलभूत ढांचे को सुदृढ़ किया गया।
7. निवेश व औद्योगिक विकास
इन्वेस्टर्स समिट, ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस में सुधार और स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन से अर्थव्यवस्था को गति मिली।
8. सीमांत क्षेत्रों पर विशेष ध्यान
सीमा गांवों में सड़क, बिजली, इंटरनेट जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हुआ। मानवविहीन गांव आबाद किए जा रहे हैं।
9. सांस्कृतिक व आस्था आधारित पर्यटन
मानसखंड कॉरिडोर की परिकल्पना से कुमाऊं क्षेत्र को धार्मिक पर्यटन से जोड़ा गया।
10. बुनियादी ढांचे का विकास
ऑल वेदर रोड, रेल परियोजनाएं, सुरंग और पुल निर्माण जैसे प्रोजेक्ट्स राज्य की कनेक्टिविटी को नया आयाम दे रहे हैं।
निष्कर्ष
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड सरकार ने पारदर्शिता, जनभागीदारी और सशक्त प्रशासन की दिशा में मजबूत कदम उठाए हैं। यदि यह रफ्तार बनी रही, तो उत्तराखंड निश्चित ही आत्मनिर्भर, सशक्त और समृद्ध राज्य के रूप में उभरेगा।
Shabddoot – शब्द दूत Online News Portal