सल्ट । भाजपा विधायक सुरेंद्र सिंह जीना के निधन के बाद रिक्त हुई विधानसभा सीट पर आगामी 17 अप्रैल को मतदान होगा।
भाजपा से काशीपुर के डा यशपाल रावत, दिवंगत सुरेंद्र सिंह जीना के भाई महेश जीना के बीच टिकट को लेकर घमासान चल रहा है। लेकिन इस बीच प्रदेश में नेतृत्व परिवर्तन के बाद मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत का नाम भी चर्चाओं में आया है। संभावना जताई जा रही है कि मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत स्वयं यहां से चुनाव लड़ सकते हैं।
दरअसल मुख्यमंत्री को छह माह के भीतर विधायक बनना जरूरी है। पार्टी में इस बात पर मंथन चल रहा है कि किसी विधायक को इस्तीफा दिलवाने के बाद वहां से मुख्यमंत्री को चुनाव लड़ने से बेहतर पहले से रिक्त सीट पर उन्हें चुनाव लड़वाया जाये।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक सल्ट विधानसभा सीट पर पार्टी में हाल ही में शामिल हुये काशीपुर चामुंडा अस्पताल के डा यशपाल रावत को चुनाव लड़ने पर महेश जीना की प्रबल दावेदारी को देखते हुए वहां आपस में दो गुट बन सकते हैं। हालांकि महेश जीना ने शब्द दूत से पिछले दिनों दूरभाष हुई बातचीत में साफ तौर पर कहा है कि वह पार्टी के निर्णय से बंधे हैं। पार्टी जिसे टिकट देगी वह उसका समर्थन करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वह पार्टी के पुराने कार्यकर्ता हैं। नये व्यक्ति को टिकट नहीं मिलना चाहिए।
सूत्र बताते हैं कि कि सल्ट उपचुनाव में भाजपा किसी ऐसे उम्मीदवार को उतारना चाहती है जिसके नाम पर गुटबाजी न होने पाये। महेश जीना और डा यशपाल रावत को लेकर पार्टी के भीतर यह माना जा रहा है कि दोनों के समर्थक बंट जायेंगे।
अब एकाएक मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के उप चुनाव में प्रत्याशी बनने के आसार नजर आ रहे हैं। हालांकि अभी इस पर कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है।



Shabddoot – शब्द दूत Online News Portal